Budget Session 2026: संसद का बजट सत्र 2026 आज लोकसभा में राजनीतिक बहस और भाषणों की गरमागरम राजनीति के बीच जारी रहा. विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सदन में सरकार पर तीखे आरोप लगाए और सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए. इस दौरान बजट के मुद्दों के अलावा राष्ट्रीय सुरक्षा और चीन की सीमा विवाद से जुड़े प्रश्नों को भी उन्होंने उछाला, जिससे सदन में भारी हंगामा देखने को मिला.
बजट पर विपक्ष की तीखी प्रतिक्रिया
राहुल गांधी ने आज लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में खूब बोलते हुए कहा कि बजट 2026–27 भारत के असली संकटों से “अज्ञात और अनदेखा” है.उनके अनुसार यह बजट आम आदमी के मुद्दों, बेरोज़गारी और महंगाई जैसे गंभीर विषयों से कटकर पेश किया गया है. उन्होंने कहा कि बजट न केवल विस्तार और खर्च की बात करता है, बल्कि अर्थव्यवस्था की सच्ची समस्याओं पर ध्यान नहीं देता.उनका दावा था कि सरकार का फोकस “अर्थशास्त्र की वास्तविक चुनौतियों” को समझने में कम, और शोबिज़ और घोषणाओं पर अधिक है.
चीन-डोकलाम और राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर तीखा हमला
आज की बहस का एक बड़ा मोड़ तब आया जब राहुल गांधी ने पूर्व सेना प्रमुख जनरल मानोज मुकुंद नरवणे की किताब के कुछ अंश का हवाला देते हुए कहा कि चीन-भारत सीमा विवाद पर सरकार की नीति स्पष्ट नहीं है और सरकार सैनिकों को पूरी जानकारी जनता तक नहीं पहुंचा रही. उनके इस बयान के बाद सदन में बीजेपी सांसदों ने कड़ी आपत्ति जताई और इसे “अनापत्ति योग्य” बताते हुए राहुल गांधी के बयान का विरोध किया. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और गृहमंत्री अमित शाह दोनों ने कहा कि सेना और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों को संसदीय गरिमा के अनुसार ही उठाया जाना चाहिए.
सदन में हंगामा और कार्यवाही स्थगित
राहुल गांधी द्वारा चीन-सीमा विवाद को लेकर उठाए गए मुद्दे के बाद लोकसभा में भारी हंगामा हुआ,ruling benches और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक हुई और सदन की कार्यवाही को आज के लिए स्थगित कर दिया गया. वहीं,लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि सदन में क्रम बनाए रखना आवश्यक है.
बजट पर सरकार का जवाब
वहीं सरकार की ओर से निर्मला सीतारमण ने भी विपक्ष के आरोपों का जवाब दिया.उन्होंने कहा, कि आलोचना करने का अधिकार है, लेकिन प्रमाण पर आधारित होनी चाहिए.उन्होंने यह भी कहा कि बजट में देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और आम जनता की जरूरतों का ख्याल रखा गया है.
बजट 2026: विपक्षी दलों की दूसरी बातें
आज की बहस में सिर्फ राहुल गांधी ही नहीं बल्कि कांग्रेस समेत अन्य विपक्षी नेताओं ने भी बजट को लेकर कई मुद्दे उठाए. कांग्रेस ने कहा कि बजट में आर्थिक सर्वेक्षण में उठाए गए मुद्दों को नजरअंदाज किया गया है और यह अर्थव्यवस्था की मौजूदा चुनौतियों को हल नहीं करता. वहीं, हरियाणा के विपक्षी नेता भूपिंदर सिंह हुड्डा ने भी आलोचना करते हुए कहा कि बजट ने किसानों, मजदूरों और ग्रामीण क्षेत्रों के संकटों को गंभीरता से नहीं लिया. उन्होंने कहा कि बजट में शिक्षा और स्वास्थ्य पर खर्च में कमी और ग्रामीण रोजगार योजनाओं में कटौती जैसी गंभीर खामियां हैं.
बजट सत्र की भूमिका
बजट सत्र के दौरान केंद्रीय बजट 2026–27 को Union Budget of India 1 फरवरी 2026 को लोकसभा में पेश किया गया था. इस बजट में सरकार ने पूंजी व्यय, अवसंरचना निवेश, कर राहत और कई योजनाओं पर जोर दिया, जिसका लक्ष्य 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाना रहा है.
राजनीतिक प्रतिक्रिया और सोशल मीडिया
लोकसभा में आज के हंगामे के बाद राजनीतिक गलियारों और सोशल मीडिया पर गर्म चर्चा चल रही है. विपक्षी समर्थकों ने राहुल गांधी के समर्थन में ट्वीट्स और पोस्ट शेयर किए, वहीं सरकार समर्थक रहे लोगों ने संसदीय गरिमा और राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर सरकार की बचाव रेखा खींची.



