Delhi Terror Alert: दिल्ली में एक बार फिर से आतंकी खतरे को लेकर हाई अलर्ट जारी किया गया है। जिसमें सुरक्षा एजेंसियों को खुफिया इनपुट मिला है कि पाकिस्तान आधारित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा दिल्ली में बड़े हमले की साजिश रच रहा है। बताया जा रहा है कि आतंकियों के निशाने पर लाल किला, चांदनी चौक और प्रमुख धार्मिक स्थल हो सकते हैं। साथ ही, इनपुट के बाद दिल्ली पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं।
धार्मिक स्थलों और ऐतिहासिक इलाकों पर बढ़ी सुरक्षा
जानकारी के अनुसार, आतंकी इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) के जरिए हमला करने की योजना बना सकते हैं। खासतौर पर लाल किले के आसपास और चांदनी चौक क्षेत्र के एक प्रमुख मंदिर को संभावित टारगेट बताया जा रहा है। इसके बाद शनिवार से इन इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। बता दें कि दिल्ली पुलिस ने लाल किला परिसर, आसपास के बाजारों और धार्मिक स्थलों के बाहर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है। आने-जाने वाले लोगों और वाहनों की सघन जांच की जा रही है। सीसीटीवी कैमरों की निगरानी बढ़ा दी गई है और संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
केंद्रीय एजेंसियां भी सतर्क
सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसियों ने संकेत दिया है कि लश्कर-ए-तैयबा भारत में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। बताया जा रहा है, यह साजिश 6 फरवरी को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में एक मस्जिद में हुए धमाके के बाद बदले की कार्रवाई से जुड़ी हो सकती है। हालांकि, इन इनपुट्स की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन खतरे को देखते हुए सभी एजेंसियां चौकन्नी हैं।
IED हमले की आशंका
सुरक्षा एजेंसियों ने आशंका जताई है कि आतंकी संगठन IED के जरिए भीड़भाड़ वाले इलाकों को निशाना बना सकता है। ऐसे में बम निरोधक दस्ते (Bomb Disposal Squad), डॉग स्क्वॉड और क्विक रिएक्शन टीम (QRT) को संवेदनशील स्थानों पर तैनात किया गया है। मेट्रो स्टेशन, बाजार और धार्मिक स्थलों पर भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है। जिसके बाद अधिकारियों का कहना है कि किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए मॉक ड्रिल और अतिरिक्त गश्त की व्यवस्था की गई है। दिल्ली पुलिस और केंद्रीय एजेंसियां संयुक्त रूप से हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
10 नवंबर 2025 को हुआ था बड़ा ब्लास्ट
जानकारी के लिए बता दें कि पिछले साल 10 नवंबर 2025 को लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास एक बड़ा धमाका हुआ था। उस विस्फोट में 10 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई थी और 25 से अधिक लोग घायल हुए थे। जांच में सामने आया था कि धमाका एक कार में रखा गया विस्फोटक से किया गया था, जो कई घंटों तक पार्किंग में खड़ी रही थी।
दरअसल, उस घटना के बाद देशभर में छापेमारी की गई थी और कई संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया था। इसी पृष्ठभूमि को देखते हुए इस बार सुरक्षा एजेंसियां कोई भी जोखिम लेने के मूड में नहीं हैं।

भीड़भाड़ वाले इलाकों पर खास नजर
चांदनी चौक दिल्ली का सबसे व्यस्त बाजार क्षेत्र है, जहां रोजाना हजारों की संख्या में लोग खरीदारी और दर्शन के लिए आते हैं। यहां स्थित मंदिरों और अन्य धार्मिक स्थलों पर भीड़ अधिक रहती है। ऐसे में यहां सुरक्षा बढ़ाना जरूरी समझा गया है। जिसमें पुलिस ने बाजार संघों और मंदिर समितियों के साथ बैठक कर सतर्क रहने की अपील की है। दुकानदारों से कहा गया है कि वे किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
पाकिस्तान में 6 फरवरी को हुआ था धमाका
बता दें कि 6 फरवरी को इस्लामाबाद के शहजाद टाउन इलाके में स्थित एक इमाम बारगाह में जुमे की नमाज के दौरान आत्मघाती हमला हुआ था। इस धमाके में कई लोगों की मौत हुई थी और कई घायल हुए थे। बताया जा रहा है कि इस घटना के बाद आतंकी संगठन बदले की कार्रवाई की योजना बना रहे हैं। हालांकि, सुरक्षा एजेंसियां हर इनपुट को गंभीरता से लेते हुए उसकी जांच कर रही हैं। अभी तक किसी हमले की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन एहतियात के तौर पर पूरी राजधानी में निगरानी बढ़ा दी गई है।
जनता से सतर्क रहने की अपील
दिल्ली पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन या हेल्पलाइन नंबर पर दें। भीड़भाड़ वाले इलाकों में अनजान वस्तु को हाथ न लगाने की सलाह दी गई है। वहीं, सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि राजधानी की सुरक्षा उनकी प्राथमिकता है और किसी भी तरह की आतंकी साजिश को नाकाम करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
ये भी पढ़ें: AI इंडिया समिट 2026 में यूथ कांग्रेस के प्रदर्शन पर बिफरे मायावती-अखिलेश, समेत कई नेताओं ने भी की कड़ी प्रतिक्रिया



