Gurugram Weather Update: हरियाणा के गुरुग्राम में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। शहर के कई इलाकों में जलभराव, लंबा ट्रैफिक जाम और सड़कों पर पानी भरने जैसी समस्याएं सामने आ रही हैं। हालात को देखते हुए गुरुग्राम पुलिस ने मंगलवार रात एक अहम एडवाइजरी जारी करते हुए निजी कंपनियों और कॉर्पोरेट कार्यालयों से अपील की है कि वे अगले कुछ दिनों तक अपने कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम (Work From Home) की सुविधा दें। पुलिस का कहना है कि यदि बड़ी संख्या में लोग रोज की तरह दफ्तरों के लिए निकलेंगे तो पहले से प्रभावित ट्रैफिक व्यवस्था और बिगड़ सकती है। इसलिए सड़कों पर वाहनों का दबाव कम करना जरूरी है, ताकि आपातकालीन सेवाओं और राहत कार्यों में किसी तरह की बाधा न आए।
क्यों जारी करनी पड़ी एडवाइजरी?
गुरुग्राम पुलिस के अनुसार, लगातार बारिश के कारण शहर की कई मुख्य सड़कें और चौराहे जलभराव की चपेट में हैं। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी भारी बारिश की संभावना जताई है। ऐसे में ट्रैफिक का दबाव कम करने के लिए पुलिस ने कंपनियों से सहयोग मांगा है। यदि कर्मचारी घर से काम करेंगे, तो सड़कों पर वाहनों की संख्या कम होगी और ट्रैफिक पुलिस को जाम नियंत्रित करने में आसानी होगी।
हाईवे पर भी बढ़ी मुश्किलें
बारिश का असर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-48) पर भी देखने को मिला। लगातार बारिश के कारण हाईवे के एक हिस्से में धंसाव की सूचना मिली, जिसके बाद प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से प्रभावित हिस्से पर निगरानी बढ़ा दी। इस घटना के बाद कई स्थानों पर ट्रैफिक धीमा हो गया और लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने वाहन चालकों से वैकल्पिक मार्ग अपनाने और ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करने की अपील की।
कई इलाकों में जलभराव
लगातार बारिश के कारण गुरुग्राम के कई निचले इलाकों में पानी भर गया। सड़कें तालाब जैसी दिखाई देने लगीं, जिससे सुबह कार्यालय जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। केवल गुरुग्राम ही नहीं, बल्कि दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और एनसीआर के अन्य हिस्सों में भी जलभराव और ट्रैफिक जाम की स्थिति देखने को मिली। कई जगह वाहन रेंगते हुए आगे बढ़ते नजर आए।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और मौसम केंद्र चंडीगढ़ के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून हरियाणा में तेजी से सक्रिय हो रहा है। अगले दो से तीन दिनों तक राज्य के कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने गरज-चमक, तेज हवाओं और कुछ स्थानों पर मूसलाधार बारिश की भी चेतावनी दी है। लोगों को खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
तापमान में आई गिरावट
बारिश के बाद गुरुग्राम के तापमान में भी उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। अधिकतम तापमान लगभग 28 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिली। हालांकि, लगातार बारिश के कारण जलभराव और ट्रैफिक जाम जैसी समस्याएं भी बढ़ गई हैं, जिससे दैनिक जीवन प्रभावित हुआ है।
किसानों के लिए भी सलाह
मौसम विभाग ने किसानों के लिए भी विशेष सलाह जारी की है। धान की रोपाई जारी रखने की सलाह दी गई है, जबकि कपास की फसल वाले क्षेत्रों में जलभराव से बचाव के उपाय करने को कहा गया है। वहीं बाजरा और ग्वार की बुवाई फिलहाल टालने की सलाह दी गई है, क्योंकि अगले कुछ दिनों तक भारी वर्षा की संभावना बनी हुई है।
प्रशासन अलर्ट मोड पर
गुरुग्राम प्रशासन, नगर निगम और ट्रैफिक पुलिस की टीमें लगातार संवेदनशील इलाकों पर नजर बनाए हुए हैं। जहां पानी भरने की शिकायतें मिली हैं, वहां जलनिकासी का काम तेज किया गया है। इसके अलावा ट्रैफिक पुलिस प्रमुख चौराहों और हाईवे पर अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की तैनाती कर रही है, ताकि यातायात को सामान्य रखा जा सके।
नागरिकों के लिए जारी की गई सलाह
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे केवल जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें। जलभराव वाले मार्गों से बचें और किसी भी तरह की आपात स्थिति में पुलिस या संबंधित विभाग से संपर्क करें। वाहन चालकों को भी सलाह दी गई है कि वे तेज गति से वाहन न चलाएं और पानी भरी सड़कों पर विशेष सावधानी बरतें।
हर साल सामने आती है चुनौती
गुरुग्राम में मानसून के दौरान जलभराव और ट्रैफिक जाम की समस्या नई नहीं है। विशेषज्ञों का मानना है कि तेजी से हुए शहरी विकास के मुकाबले जल निकासी व्यवस्था में पर्याप्त सुधार नहीं हो पाया है। यही कारण है कि हर साल भारी बारिश के दौरान शहर के कई हिस्सों में लोगों को घंटों जाम और जलभराव जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
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