Property Tax Rebate: मुजफ्फरपुर नगर निगम क्षेत्र के प्रॉपर्टी टैक्स बकायेदारों के लिए बड़ी राहत की खबर है। जिसमें नगर विकास एवं आवास विभाग की ओर से एक खास छूट योजना लागू की गई है, जिसके तहत 31 मार्च 2026 तक एकमुश्त बकाया प्रॉपर्टी टैक्स जमा करने पर ब्याज और जुर्माना पूरी तरह माफ कर दिया जाएगा। बता दें कि यह योजना सीमित समय के लिए है और इसका लाभ केवल निर्धारित तिथि तक ही उठाया जा सकता है। महापौर निर्मला देवी ने शहर के सभी होल्डिंग स्वामियों से अपील की है कि वे इस अवसर का लाभ उठाएं और जल्द से जल्द अपना बकाया टैक्स जमा करें। जिसमें उन्होंने कहा कि यह योजना खासतौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद है, जिन्होंने लंबे समय से टैक्स नहीं भरा है और अब उन पर अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है।
नगर निगम के आंकड़ों के अनुसार, अब तक शहर के आधे से भी कम लोगों ने टैक्स जमा किया है, जबकि बड़ी संख्या में लोग अभी भी बकायेदार हैं। अब ऐसे में यह छूट योजना न सिर्फ लोगों को राहत देगी, बल्कि नगर निगम की राजस्व वसूली बढ़ाने में भी मदद करेगी।
क्या है प्रॉपर्टी टैक्स छूट योजना?
इस खास योजना के तहत नगर निगम ने साफ किया है कि यदि कोई भी होल्डिंग स्वामी 31 मार्च 2026 तक अपना पूरा बकाया प्रॉपर्टी टैक्स एकमुश्त जमा करता है, तो उस पर लगने वाला ब्याज और जुर्माना पूरी तरह माफ कर दिया जाएगा। इसका मतलब है कि नागरिकों को केवल मूल टैक्स राशि ही जमा करनी होगी, जिससे उन्हें बड़ी राहत मिल सकती है। यह योजना नगर निगम की राजस्व वसूली बढ़ाने और नागरिकों को राहत देने के उद्देश्य से शुरू की गई है।
अब तक कितनी हुई वसूली?
नगर निगम द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, शहर में कुल 55,403 होल्डिंग दर्ज हैं। इनमें से अब तक केवल 26,469 होल्डिंग स्वामियों ने ही प्रॉपर्टी टैक्स जमा किया है। यह कुल का लगभग 47.78 प्रतिशत है। यानी अब भी आधे से ज्यादा लोग ऐसे हैं जिन्होंने अपना टैक्स जमा नहीं किया है। यही कारण है कि नगर निगम ने विशेष छूट योजना लागू की है, ताकि अधिक से अधिक लोग टैक्स भुगतान के लिए आगे आएं।
50.65 करोड़ का लक्ष्य, लेकिन वसूली कम
दरअसल चालू वित्तीय वर्ष में नगर निगम ने निजी भवनों से कुल 50.65 करोड़ रुपये की वसूली का लक्ष्य रखा था। हालांकि अब तक केवल 20.51 करोड़ रुपये ही वसूले जा सके हैं, जो लक्ष्य का लगभग 41.21 प्रतिशत है। इसके अलावा सरकारी भवनों पर भी 15.30 करोड़ रुपये से अधिक का प्रॉपर्टी टैक्स बकाया है। इसकी वसूली के लिए संबंधित विभागों को नोटिस भेजे जा रहे हैं और राज्य सरकार से भी सहयोग मांगा गया है।
महापौर की अपील
महापौर निर्मला देवी ने प्रेस वार्ता में कहा कि यह योजना नागरिकों के लिए एक सुनहरा अवसर है।
- जो लोग लंबे समय से टैक्स नहीं भर पाए हैं, वे अब बिना किसी अतिरिक्त बोझ के अपना बकाया चुका सकते हैं।
- 31 मार्च के बाद यह छूट समाप्त हो जाएगी।
- समय सीमा के बाद फिर से ब्याज और जुर्माना लागू हो जाएगा।
टैक्स जमा करने के लिए विशेष व्यवस्था
बता दें कि नगर आयुक्त ऋतुराज प्रताप सिंह का कहना है कि नागरिकों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए खास व्यवस्था की गई है।
- 31 मार्च तक नगर निगम कार्यालय रोजाना खुला रहेगा।
- रविवार और अन्य छुट्टियों में भी कार्यालय कार्यरत रहेगा।
- ऑनलाइन भुगतान की सुविधा उपलब्ध है।
- निगम काउंटर और अंचल कार्यालयों में विशेष शिविर लगाए जा रहे हैं।

क्यों जरूरी है समय पर टैक्स भुगतान?
प्रॉपर्टी टैक्स नगर निगम की आय का मुख्य स्रोत होता है। इसी से शहर में विकास कार्य किए जाते हैं।
- सड़क और नाली निर्माण
- सफाई व्यवस्था
- स्ट्रीट लाइट
- जल आपूर्ति
सार्वजनिक सुविधाएं
योजना खत्म होने के बाद क्या होगा?
- नगर निगम प्रशासन ने साफ कहा है कि 31 मार्च 2026 के बाद।
- ब्याज और जुर्माने में कोई छूट नहीं मिलेगी।
- बकाया राशि पर अतिरिक्त चार्ज लगाया जाएगा।
- डिफॉल्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई भी हो सकती है।
नागरिकों के लिए सलाह
- अपने प्रॉपर्टी टैक्स की स्थिति तुरंत चेक करें।
- यदि बकाया है तो 31 मार्च से पहले भुगतान करें।
- ऑनलाइन माध्यम का उपयोग कर समय बचाएं।
- रसीद जरूर सुरक्षित रखें।
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