Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने आज शुक्रवार को हुई कैबिनेट बैठक में 39 प्रस्तावों को मंजूरी दी है। इन फैसलों में अग्निवीरों को चार सरकारी विभागों में भर्ती के दौरान 20 प्रतिशत आरक्षण, होली और दिवाली पर पात्र लाभार्थियों को मुफ्त गैस सिलेंडर और 18 नगर निगम क्षेत्रों में 1,725 इलेक्ट्रिक बसें चलाने की योजना शामिल है। इसके अलावा जेवर एयरपोर्ट का नाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पर रखने, प्रदेश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) सेंटर स्थापित करने और धान खरीद का लक्ष्य बढ़ाने जैसे महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर भी मुहर लगाई गई है। सरकार के इन फैसलों का उद्देश्य युवाओं को रोजगार के अवसर देना, परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाना और आम लोगों को सुविधाएं उपलब्ध कराना है। ऐसे में आइए यहां जानें खबर को लेकर विशेष जानकारी
अग्निवीरों को चार विभागों में मिलेगा 20% आरक्षण
योगी कैबिनेट ने अग्निवीरों को सरकारी नौकरी में अवसर देने के लिए अहम फैसला लिया है। इसके तहत उत्तर प्रदेश के चार विभागों में सिपाही पदों पर भर्ती के दौरान अग्निवीरों को 20 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इनमें पुलिस, वन, कारागार और परिवहन विभाग शामिल हैं।
परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह के मुताबिक, इस व्यवस्था को लागू करने के लिए संबंधित भर्ती नियमावली में संशोधन किया गया है। इसके साथ ही अग्निवीरों को अधिकतम आयु सीमा में तीन साल की छूट देने का प्रावधान किया गया है। इससे वे 28 वर्ष की उम्र तक भर्ती के लिए पात्र हो सकेंगे।
भर्ती प्रक्रिया में उन्हें लिखित और शारीरिक परीक्षा से छूट देने का भी प्रावधान बताया गया है। हालांकि, मेडिकल जांच कराना अनिवार्य होगा। इस फैसले से सेना में अग्निवीर के रूप में सेवा दे चुके युवाओं को राज्य के सरकारी विभागों में नौकरी पाने का अवसर मिल सकता है।
होली और दिवाली पर मुफ्त मिलेगा गैस सिलेंडर
उत्तर प्रदेश सरकार ने होली और दिवाली पर पात्र लाभार्थियों को मुफ्त गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने की योजना को भी मंजूरी दी है। इस योजना के लिए 2,142 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है।
त्योहारों के दौरान रसोई गैस की जरूरत बढ़ जाती है। ऐसे में सरकार की इस योजना से पात्र परिवारों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है। सरकार का कहना है कि लाभार्थियों तक समय पर सिलेंडर पहुंचाने की व्यवस्था की जाएगी। हालांकि, इस सुविधा का लाभ किन लोगों को मिलेगा और वितरण की प्रक्रिया क्या होगी, इसके लिए योजना की पात्रता और लागू दिशा-निर्देशों को ध्यान में रखना जरूरी होगा।
18 नगर निगम क्षेत्रों में चलेंगी 1,725 इलेक्ट्रिक बसें
शहरों में सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाने के लिए योगी कैबिनेट ने 1,725 नई इलेक्ट्रिक बसें चलाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। ये बसें प्रदेश के 18 नगर निगम क्षेत्रों में संचालित की जाएंगी।
इस फैसले से शहरों में लोगों को आने-जाने के लिए परिवहन का एक और विकल्प मिलने की उम्मीद है। इलेक्ट्रिक बसों के इस्तेमाल से पारंपरिक ईंधन पर निर्भरता कम करने और शहरी परिवहन व्यवस्था को आधुनिक बनाने में भी मदद मिल सकती है। इसके अलावा लखनऊ के वृंदावन विहार योजना क्षेत्र में 265 करोड़ रुपये की लागत से इंटीग्रेटेड बस टर्मिनल बनाया जाएगा। इसका निर्माण पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल के तहत किया जाएगा। इस परियोजना का उद्देश्य बस परिवहन से जुड़ी सुविधाओं को बेहतर बनाना है।
जेवर एयरपोर्ट का नाम बदलने के प्रस्ताव को मंजूरी
कैबिनेट बैठक में नोएडा के जेवर एयरपोर्ट का नाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पर रखने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई है। इस फैसले के बाद एयरपोर्ट का नाम बदलने की प्रक्रिया से जुड़ी औपचारिकताओं पर ध्यान रहेगा।
जेवर एयरपोर्ट को उत्तर प्रदेश के प्रमुख बुनियादी ढांचा प्रोजेक्ट में गिना जाता है। इसके विकास से क्षेत्र में परिवहन, कारोबार और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
उत्तर प्रदेश में खुलेंगे AI सेंटर
योगी सरकार ने प्रदेश में तकनीक और डिजिटल सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) मिशन को भी मंजूरी दी है। इसके तहत प्रदेश के सभी 75 जिलों में AI सेंटर स्थापित करने और वहां AI फेलो तैनात करने की योजना है।
मिशन के संचालन और निगरानी के लिए तीन समितियां गठित की जाएंगी। इन केंद्रों के माध्यम से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़ी गतिविधियों को बढ़ावा देने और नई तकनीक के इस्तेमाल के अवसर तैयार करने पर जोर दिया जाएगा।
धान खरीद का लक्ष्य बढ़ाकर 65 लाख टन किया
कैबिनेट बैठक में धान खरीद और किसानों से जुड़े फैसले भी लिए गए। खाद्य एवं रसद मंत्री मनोज पांडेय के मुताबिक, इस साल प्रदेश में 65 लाख टन धान खरीदने का लक्ष्य रखा गया है। पिछले साल 62 लाख टन धान खरीदा गया था।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में धान खरीद 15 अक्टूबर 2026 से 15 फरवरी 2027 तक होगी। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश में खरीद 1 नवंबर 2026 से 28 फरवरी 2027 तक निर्धारित की गई है। इसके अलावा मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 2,410 रुपये प्रति क्विंटल तय किया गया है। यह पिछले वर्ष की तुलना में 10 रुपये अधिक है। इससे किसानों को अपनी उपज का निर्धारित न्यूनतम मूल्य मिलने में मदद मिलेगी।
आम लोगों और युवाओं के लिए क्यों अहम हैं ये फैसले?
योगी कैबिनेट के इन फैसलों में रोजगार, परिवहन, तकनीक, कृषि और घरेलू खर्च से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दे शामिल हैं। अग्निवीरों के लिए आरक्षण से सरकारी नौकरी के अवसर बढ़ सकते हैं, जबकि मुफ्त गैस सिलेंडर योजना से पात्र परिवारों को त्योहारों के समय राहत मिलने की उम्मीद है।
वहीं, इलेक्ट्रिक बसों और नए बस टर्मिनल से शहरी परिवहन सुविधाओं को मजबूत करने की योजना है। AI मिशन के जरिए प्रदेश में नई तकनीक को बढ़ावा देने की तैयारी है। धान खरीद का लक्ष्य बढ़ाने और मक्का का MSP तय करने जैसे कदम किसानों के लिए भी महत्वपूर्ण हैं। कुल मिलाकर, योगी सरकार की कैबिनेट बैठक में मंजूर किए गए 39 प्रस्तावों में रोजगार, किसान कल्याण, तकनीकी विकास और बुनियादी सुविधाओं पर जोर दिया गया है। इन फैसलों का वास्तविक लाभ उनके प्रभावी क्रियान्वयन और संबंधित योजनाओं की विस्तृत गाइडलाइन पर निर्भर करेगा।
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